कर्फ़्यू

कर्फ़्यू

कल से देश भर में जनता कर्फ़्यू लग जाएगा | यह ख़बर हर जगह फैल गई थी | घर के ठीक सामने रहने वाले एक भैया फ़ोन पर कह रहे थे –“ सब गाँव वालों को बता दो ,कल देश में जनता कर्फ़्यू है कोई घर से बाहर न निकलने पाए |”

बेलें

बेलें

दरवाज़े से कुछ सीढ़ियाँ ऊपर की ओर जाती थी| बहुत दूर तक ऊपर चाँदनी की बेल लटकी रहती | सुदेश ऊपर जाती, तो उसे लगता जैसे यह बेल ही उसकी ज़िन्दगी हो | रात होते-होते सीढ़ियों से गुजरना किसी चमत्कार से कम न था | हर चढ़ती हुई सीढ़ी और कदम के साथ सब कुछ […]

सिंगल मदर

सिंगल मदर

“मैं माँ बनना चाहती हूँ । यह मेरी इच्छा है कि मैं भी बच्चे के द्वारा माँ कहकर पुकारी जाऊं। उसे प्यार करूं।” “तुम माँ कैसे बन सकती हो। अभी तो तुम्हारी शादी भी नहीं हुई है,” रागिनी के माँ बनने की लगातार ज़िद पर माँ ने उसे समझाया। “मां, माँ बनने के लिए मैं […]

मोमबत्तियाँ

मोमबत्तियाँ

मोमबत्तियों से एक पूरी अलमारी अटी पड़ी थी। विनय ने आकर अलमारी खोली तो सब की सब मोमबत्तियाँ बाहर आ गिरीं। “इस बार क्या सिर्फ़ मोमबत्तियाँ ही लगेंगी?” सविता ने पूछा तो विनय ने कुछ तैश में आकर कहा,  “इस बार तो सब की सब ख़त्म कर दूँगा जलाकर, आख़िर अलमारी भी तो खाली करनी […]

बादल की दोस्ती

बादल की दोस्ती

हर दिन नहीं आते थे बादल | किसी-किसी रोज़ ही जब वे आते भोलू उन्हें पकड़ कर उड़ जाता | बादल पर बैठकर उड़ा जा सकता है, यह बात उसके अलावा किसी को मालूम नहीं थी| होती भी कैसे ? भोलू ने न किसी को बताई और न ही बादलों ने ही किसी से कहा […]

जितने मौसम उतने नाम

जितने मौसम उतने नाम

पूरे शहर की सड़के कीचड़ से भरी हैं। सुजाता घर में घुसी ही थी कि भीतर से अम्मा ने आवाज़ लगा दी- “देखो पहले हाथ -पैर अच्छे से साफ़ करो तब जाकर अंदर आना। हाथ-पैर धोकर वह अंदर चली आई है। अंदर खाट पर दादी बैठी थी जो कुछ हफ़्ते पहले ही दिल्ली से उनके […]

बलिहारी गुरु आपने गोविंद दिया सिखाए

बलिहारी गुरु आपने गोविंद दिया सिखाए

 सुधा कितने दिन से टीचर्स डे आने का इंतज़ार कर रही है। इस बार उसने मैम के लिए कार्ड बनाया है। यूँ सुधा बहुत होशियार लड़की नहीं है पर पल्लवी मैम उसे कितना प्यार करती हैं। सुधा भी पल्लवी मैम को कितना तो चाहती है। हम जिन्हें प्यार करते हैं उन्हें हमेशा कुछ ऐसा […]

Mental Health for Children

Mental Health for Children

आकाश मिश्रा लखनऊ में रहने वाला एक 15 साल का मेधावी छात्र था। हर साल क्लास में अव्वल आने वाले आकाश को इस साल 10वीं बोर्ड की परीक्षा देनी थी। दिन-रात मेहनत करने वाले आकाश से उसके माता-पिता ख़ुश रहते थे। स्कूल में भी टीचर्स और स्टूडेंट्स उसकी वाहवाही करते नहीं थकते थे। इस साल […]

LGBTQ Community: क्यों रेनबो झंडा खास है और प्राइड परेड ज़रूरी

LGBTQ Community: क्यों रेनबो झंडा खास है और प्राइड परेड ज़रूरी

क्या है इंद्रधनुषी झंडे के रंगों का मतलब तो इस इंद्रधनुष के रंग के दिखने वाले झंडे में दरअसल 6 रंग होते हैं। जिसमें लाल, नारंगी, पीला, नीला, हरा और बैंगनी रंग शामिल होता है। लेकिन शुरूआत में इस झंडे में कुल 8 रंग थे और यह सभी रंग जिंदगी के एक किसी न किसी […]